मोंठ। प्रदेश सरकार द्वारा सड़क सुरक्षा और निर्माण कार्यों को समयबद्ध पूरा करने के निर्देशों के बावजूद जमीनी स्तर पर लापरवाही सामने आ रही है। मोंठ तहसील के अंतर्गत समथर नगर पालिका क्षेत्र में प्रस्तावित बाईपास निर्माण कार्य किसानों को मुआवजा न मिलने के कारण बाधित है, जिससे करीब 9 करोड़ रुपये की परियोजना अधर में लटक गई है।
समथर बाईपास का निर्माण पहाड़पुरा नहर से बड़ोखरी नहर मार्ग होते हुए मध्यप्रदेश सीमा तक करीब 2 किलोमीटर लंबाई में प्रस्तावित है। लोक निर्माण विभाग (निर्माण खंड-3, झांसी) द्वारा ई-टेंडर प्रक्रिया पूरी कर फरवरी माह में कार्य शुरू कराया गया था, लेकिन भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया पूरी न होने से कार्य अपेक्षित गति नहीं पकड़ सका।
गौरतलब है कि किसानों को मुआवजा भुगतान के लिए 19 मार्च 2026 को 147.80 लाख रुपये विशेष भूमि अध्याप्ति अधिकारी, झांसी के खाते में भेजे गए थे, लेकिन अब तक भुगतान नहीं हो सका है। इससे नाराज किसानों ने अपनी जमीन देने से इंकार कर दिया है, जिसके चलते निर्माण कार्य बाधित हो रहा है।
परियोजना की निगरानी के लिए विभाग की ओर से दो सहायक अभियंता और तीन अवर अभियंताओं को जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं, बिजली के खंभों को हटाने के लिए यूपीपीसीएल ईडीडी झांसी को 34.10 लाख रुपये दिए जा चुके हैं, लेकिन अब तक एक भी खंभा शिफ्ट नहीं हुआ है।
स्थानीय लोगों के लिए यह बाईपास जाम से राहत का प्रमुख विकल्प माना जा रहा है। जून के पहले सप्ताह में संभावित बारिश को देखते हुए यदि समय रहते मिट्टी का कार्य पूरा नहीं हुआ, तो निर्माण कार्य और प्रभावित हो सकता है।
इस बीच निर्माण लागत में भी इजाफा हुआ है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत बढ़ने से बिटुमिन (तारकोल) की दर 44 हजार रुपये प्रति मीट्रिक टन से बढ़कर 83,528 रुपये तक पहुंच गई है, जबकि इमल्शन के दाम भी 65 हजार रुपये प्रति मीट्रिक टन तक हो गए हैं। ठेकेदारों ने बढ़ी हुई दरों के अनुसार भुगतान तय करने की मांग की है, जबकि विभाग अनुबंध की शर्तों के अनुसार कार्य पूरा कराने पर जोर दे रहा है।
गरौठा विधायक जवाहरलाल राजपूत ने कहा कि समथर बाईपास का फिलहाल आधा हिस्सा ही निर्माणाधीन है। शेष हिस्से को भी शीघ्र ही पहाड़पुरा नहर से गल्ला मंडी तक जोड़ा जाएगा, जिसके लिए शासन को प्रस्ताव भेजा जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसानों के मुआवजे से जुड़ी समस्याओं का समाधान मोंठ एसडीएम के साथ बैठक कर जल्द कराया जाएगा, ताकि निर्माण कार्य निर्धारित समय सीमा में पूरा हो सके।
पीडब्ल्यूडी के सहायक अभियंता बृजेश गंगवार ने बताया कि किसानों के मुआवजे के लिए राजस्व विभाग से लगातार समन्वय किया जा रहा है। बाईपास निर्माण कार्य प्रगति पर है और एक ओर 700 मीटर तथा दूसरी ओर 500 मीटर मिट्टी भराव का कार्य कराया जा चुका है। शेष बीच के हिस्से का कार्य भी जल्द शुरू किया जाएगा। मुआवजा मिलने की प्रत्याशा में अधिकांश किसानों ने जमीन पर बाईपास निकालने की अनुमति दे दी है कुछ किसान मुआवजा न मिलने के कारण अभी अनुमति नहीं दिए हैं जिसको लेकर लगातार राजस्व विभाग से संपर्क स्थापित किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। अधिकारियों की टीम नियमित रूप से मौके पर निरीक्षण कर रही है। साथ ही, दूसरे चरण में पहाड़पुरा नहर से गल्ला मंडी तक 3 मीटर चौड़ी सड़क निर्माण का प्रस्ताव भी विभाग द्वारा भेजा गया है।
