सामूहिक विवाह योजना से मिली सामाजिक समानता को मजबूती
झांसी में समाज कल्याण विभाग द्वारा मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के अंतर्गत सामूहिक विवाह कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन से किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि रमा निरंजन (सदस्य विधान परिषद) ने कहा कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना गरीब एवं निराश्रित परिवारों के लिए एक बड़ा सहारा बनी है। इस योजना के माध्यम से सरकार ने उन परिवारों की मदद की है, जिनके लिए बेटी का विवाह एक बड़ी चिंता थी।
दहेज प्रथा के खिलाफ सशक्त पहल
रमा निरंजन ने कहा कि सामूहिक विवाह योजना ने दहेज जैसी कुरीति को समाप्त करने की दिशा में एक सराहनीय कदम उठाया है। इस कार्यक्रम ने समाज में समानता, एकता और सहयोग की भावना को बढ़ावा दिया है। उन्होंने नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद देते हुए कहा कि यह आयोजन एक सामाजिक उत्सव के समान है, जो दो परिवारों को जोड़ने के साथ नई शुरुआत का प्रतीक है।
हिंदू और मुस्लिम वर्ग के जोड़ों ने एक साथ रचाई शादियां
इस सामूहिक विवाह समारोह में 240 जोड़े (209 हिंदू एवं 31 मुस्लिम) वैवाहिक बंधन में बंधे। यह आयोजन धार्मिक सद्भाव और सामाजिक एकता का सुंदर उदाहरण प्रस्तुत करता है। दोनों वर्गों के जोड़ों ने एक ही मंच से विवाह कर समाज में भाईचारे और सौहार्द का संदेश दिया। यह दृश्य साम्प्रदायिक सौहार्द की मिसाल बन गया, जिसमें सभी धर्मों के लोगों ने मिलकर नवयुगल जोड़ों को आशीर्वाद दिया।
वर-वधुओं को मिला प्रमाण पत्र और उपहार
मुख्य अतिथियों द्वारा सभी नवविवाहित जोड़ों को विवाह प्रमाण पत्र और उपहार वितरित किए गए। समाज कल्याण अधिकारी ललिता यादव ने मंचासीन अतिथियों का स्वागत पुष्पगुच्छ भेंट कर किया तथा कार्यक्रम के सफल संचालन में सहयोग देने वाले सभी अधिकारियों, कर्मचारियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त किया।
अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों की रही उपस्थिति
कार्यक्रम में अनुसूचित जाति मोर्चा के जिला अध्यक्ष कपिल बिरसैनिया, राज्य सलाहकार समिति के सदस्य संतराम पेंटर, मुख्य विकास अधिकारी जुनैद अहमद, जिला समाज कल्याण अधिकारी ललिता यादव सहित बड़ी संख्या में अधिकारी, कर्मचारी, नवयुगल जोड़े और उनके परिजन उपस्थित रहे।
