मोंठ। बुंदेलखंड राज्य निर्माण की मांग को लेकर निकाली जा रही जनआक्रोश रथ यात्रा बुधवार को मोंठ पहुंची। इस दौरान बुंदेलखंड निर्माण मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष भानू सहाय ने अधिवक्ताओं एवं बाजार के व्यापारियों से संपर्क कर अलग बुंदेलखंड राज्य के समर्थन में जनजागरण किया।
जनआक्रोश रथ यात्रा अब अपने 14वें जिले में प्रवेश कर चुकी है। इससे पहले यह यात्रा चित्रकूट, बांदा, पन्ना, दमोह, सागर, टीकमगढ़, ललितपुर, दतिया, जालौन, हमीरपुर और महोबा सहित कई जिलों में पहुंच चुकी है, जहां इसे व्यापक जनसमर्थन मिला है।
मोंठ पहुंचने पर मोर्चा के पदाधिकारियों ने स्थानीय अधिवक्ताओं से मुलाकात की और उन्हें बुंदेलखंड राज्य निर्माण आंदोलन में सहयोग देने की अपील की। इसके बाद बाजार क्षेत्र में दुकानदारों से भी जनसंपर्क कर अलग राज्य की आवश्यकता पर चर्चा की गई।
इस अवसर पर बुंदेलखंड निर्माण मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष भानू सहाय ने कहा कि “बुंदेलखंड क्षेत्र वर्षों से पानी की समस्या, बेरोजगारी, पलायन, सिंचाई संकट और विकास की कमी जैसी गंभीर चुनौतियों से जूझ रहा है। जब तक अलग बुंदेलखंड राज्य का गठन नहीं होगा, तब तक इन समस्याओं का स्थायी समाधान संभव नहीं है।”
उन्होंने कहा कि “प्रधानमंत्री द्वारा बुंदेलखंड राज्य निर्माण का वादा तीन वर्षों के भीतर पूरा करने की घोषणा की गई थी, लेकिन 12 वर्ष बीत जाने के बाद भी यह वादा अधूरा है। इससे क्षेत्र की जनता में आक्रोश है और अब लोग अपने अधिकार के लिए संगठित होकर आवाज उठा रहे हैं।”
भानू सहाय ने आगे कहा कि “जनआक्रोश रथ यात्रा का उद्देश्य लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से बुंदेलखंड की जनता की आवाज सरकार तक पहुंचाना है, ताकि अलग राज्य की मांग को गंभीरता से लिया जाए।”
इस दौरान मोर्चा के महामंत्री अशोक सक्सेना एडवोकेट, रघुराज शर्मा, पंकज रावत, हनीफ खान, प्रदीप झा, रामजी पारीछा, भगवान सिंह यादव, नरेंद्र कुशवाहा और सिकंदर सहित अन्य पदाधिकारी यात्रा में साथ चल रहे है।
कार्यक्रम में बार एसोसिएशन के अध्यक्ष लालजी गुर्जर, सचिव अखिलेश अहिरवार, वरिष्ठ अधिवक्ता बाबूलाल, कोमल सिंह यादव, हरिओम दुबे, ज्ञानेंद्र यादव, संजय बादल और सुरजीत यादव सहित अनेक अधिवक्ता उपस्थित रहे।
